एक शराबी की वाणी -भाग ३

पत्नी बाजार से (फोन पर) : ​अजी, मैं अब बाजार आई हूँ खरीदारी करने।
 आप को कुछ चाहिए क्या ?​

पति :  ​हाँ…मुझे जीवन का अर्थ चाहिए।​
         ​जीवन सार्थक कैसे होता है उसका उपाय चाहिए।​
         ​आत्मा की शांति चाहिए।​
         ​मुझे अपना अस्तित्व ढूँढना है।​

पत्नी असमंजस में (थोड़ी चुप्पी के बाद) : ​ठीक है...
ठीक है... 
कौन सी लाऊँ ? 
Royal Stag या Blenders pride ??​


कसम से आंखो में आंसू आ गए इतनी समझदारी देखकर...

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